जुबिली स्पेशल डेस्क
नई दिल्ली। महाराष्ट्र में लोकसभा चुनाव में महाविकास अघाड़ी (एमवीए) की जीत के बाद अब इस साल होने वाली विधानसभा चुनाव को लेकर तीनों दलों ने कमर कस ली है।
कांग्रेस, एनसीपी (एसपी) और शिव सेना (उद्धव ठाकरे) ने एकजुट होकर विधान सभा चुनाव में उतरने का मन बना चुके हैं। इसको लेकर तीनों दलों ने रणनीति बनानी शुरू कर दी है। अब सवाल है कि अगर विधान सभा चुनाव में महाविकास अघाड़ी (एमवीए) जीत दर्ज करता है तो सीएम कौन होगा। इसको लेकर अब अटकलों का दौर जारी है। शनिवार को एनसीपी (एसपी) के अध्यक्ष शरद पवार ने मुख्यमंत्री पद के चेहरे को लेकर अपनी चुप्पी तोड़ी है।
शरद पवार ने शनिवार को किसी एक नेता को मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार बनाने की बात को लेकर चुप्पी तोड़ते हुए खारिज कर दिया है। दूसरी तरफ संजय राउत चाहते हैं कि उद्धव ठाकरे को विपक्षी गठबंधन एमवीए के मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में पेश करने की मांग की है।
हालांकि शरद पवार की राय दूसरी है उन्होंने कोल्हापुर में संवाददाताओं से कहा कि हमारा गठबंधन हमारा सामूहिक चेहरा है।
कोई एक व्यक्ति सीएम का चेहरा नहीं हो सकता है। सामूहिक नेतृत्व हमारा फॉर्मूला है। हमारे तीनों गठबंधन सहयोगी इस संबंध में निर्णय लेंगे। महाविकास अघाड़ी चुनाव में मुख्यमंत्री पद के लिए किसी उम्मीदवार की घोषणा नहीं करेगी। साफ है कि चुनाव के बाद वह ही मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार होंगे।
इस दौरान शरद पवार ने कहा कि अन्य पार्टी इस गठबंधन में शामिल होंगी। उनमें आम आदमी पार्टी भी शामिल है। इसके अलावा किसान और श्रमिक पार्टी ऑफ इंडिया (पीडब्ल्यूपी) भी इस गठबंधन में शामिल हो सकती है। हालांकि दोनों ही दलों को कितनी सीटें दी जायेगी, इसको लेकर अभी खुलासा नहीं किया। उन्होंने इस दौरान मोदी सरकार पर हमला बोला है।
राहुल गांधी के लोकसभा में विपक्ष के नेता बनने पर शरद पवार ने कहा कि सबसे ज्यादा विपक्षी सांसदों वाली पार्टी नेता चुनती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सांसदों ने राहुल गांधी को अपना नेता चुना। यह राजनीतिक पृष्ठभूमि और समर्पण वाली नई पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करता है. मुझे यकीन है कि वह अच्छा काम करेंगे।