जुबिली न्यूज डेस्क
वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 के संसद के दोनों सदनों से पारित होने के बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की चिंताएं बढ़ गई हैं। बिल पर पार्टी के समर्थन के बाद जेडीयू में बगावत का दौर शुरू हो गया है। पार्टी के वरिष्ठ मुस्लिम नेताओं ने एक के बाद एक इस्तीफा देना शुरू कर दिया है। अब तक पांच से ज्यादा मुस्लिम नेता पार्टी छोड़ चुके हैं।
पार्टी से नाराज़ नेताओं ने ना सिर्फ अपनी नेम प्लेट उखाड़ दी, बल्कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी भी की। इन नेताओं का कहना है कि मुख्यमंत्री ने उनका भरोसा तोड़ा है।
जेडीयू छोड़ने वाले नेताओं की लिस्ट
पार्टी छोड़ने वालों में राजू नैयर, तबरेज सिद्दीकी अलीग, नदीम अख्तर, मोहम्मद शाहनवाज मलिक और मोहम्मद कासिम अंसारी जैसे नाम शामिल हैं। साल के आखिर में होने वाले बिहार विधानसभा चुनाव से पहले इन इस्तीफों ने जेडीयू की परेशानी बढ़ा दी है, क्योंकि पार्टी में अंदरूनी नाराजगी गहराती जा रही है।
राजू नैयर बोले- ‘यह काला कानून है’
राजू नैयर ने अपने इस्तीफे में वक्फ संशोधन बिल को ‘काला कानून’ करार दिया। उन्होंने कहा कि जेडीयू का इस विधेयक को समर्थन देना मुसलमानों पर अत्याचार है। उन्होंने साफ कर दिया कि लोकसभा में बिल के पास होने और पार्टी के समर्थन के बाद वे जेडीयू की सभी जिम्मेदारियों से मुक्त हो रहे हैं।
तबरेज हसन ने भी साधा निशाना
तबरेज हसन ने नीतीश कुमार को भेजे इस्तीफे में लिखा कि पार्टी के रुख ने मुसलमानों का भरोसा तोड़ा है। उन्होंने कहा कि उन्हें उम्मीद थी कि नीतीश कुमार अपनी धर्मनिरपेक्ष छवि बनाए रखेंगे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। तबरेज ने आरोप लगाया कि नीतीश ने उन ताकतों का साथ दिया है, जो लगातार मुसलमानों के खिलाफ काम कर रही हैं।
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कैसे पास हुआ बिल
वक्फ संशोधन विधेयक, 2024 को लेकर संसद में लंबी बहस चली। लोकसभा में लगभग 12 घंटे की चर्चा के बाद बिल 288-232 वोटों से पास हुआ, जबकि राज्यसभा में इसे 128 के मुकाबले 95 मतों से मंजूरी मिल गई। वहीं लोकसभा में बिल पर चर्चा के दौरान जबरदस्त हंगामा भी देखने को मिला।